बादशाह अकबर का पोता बना मोम का पुतला
बादशाह अकबर बीरबल के साथ खूब हँसी मजाक किया करते थे ,लेकिन कभी-२ हसी-मजाक के दौरान कुछ प्रश्न भी पूछ लिया करते थे , कुछ प्रश्न तो आसान होते थे वही कुछ प्रश्नो के उत्तर बहुत उलझन भरे होते थे ऐसे ही एक दिन सर्दियों के समय अकबर और बीरबल धूप का आनन्द ले रहे थे छत पर बैठकर तभी बादशाह अकबर ने बीरबल से पूछा क्या वजह है बीरबल की भगवान स्वयं किसी वक्त की पुकार पर नौकर चाकर के साथ लिए बगैर नंगे पैर उसे बचाने दौड़ पड़ते हैं इसका संतोषजनक उत्तर दो .....
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| Akbar Birbal Hindi stories |
बीरबल ने कहा आपका प्रश्न उचित है श्रीमान ने उचित अवसर पर से प्रमाणित का उत्तर दूंगा बादशाह अकबर ने कहा ठीक है बीरबल ने उस नौकर से बात की जो बादशाह के पोते को संभालता था गोद में खिलाया करता था उस बच्चे को अपने से हिला मिलाकर बीरबल ने एक कलाकार के पास ले जाकर ठीक बच्चे की शक्ल सूरत का मोम का पुतला तैयार कर लिया बच्चे की देखरेख करने वाले नौकर को मोम का पुतला देते हुए बीरबल ने कहा इसे बादशाह के पोते के कपड़े पहना कर तालाब की तरफ ले जाना यह उस समय करना जब शाम का समय में मैं बादशाह सलामत के साथ तालाब के आसपास चहल कदमी करते हो बच्चे को गोद में लिए प्यार करते करते तुम अपना पैर फिसला कर तालाब में इस तरह गिरना कि मॉम का पुतला रूपी बच्चा छिटक कर दूर तालाब में गिरे इस काम के बदले में बहुत से इनाम दिया जाएगा नौकर मान गया उसने बीरबल के साथ देना स्वीकार कर लिया उसे यकीन था कि बेशक फांसी की सजा हो जाए पर बीरबल उसे बचा ही लेंगे योजना अनुसार नौकर भाषा के पोते रूपी मोम के पुतले को तालाब पर ले गया बादशाह और बीरबल तालाब से कुछ दूर बगीचे की घास में बैठे बात कर रहे थे बातें करते-करते बादशाह अपने पोते को खिलाने वाले नौकर को भी देख लेते थे अचानक नौकर का पैर फिसला वह पानी में गिर गया बीरबल ने चेक कर का बादशाह सलामत आपका पूरा तालाब में गिरा है बादशाह ने खुद देखा था एकदम नंगे पर अपने पति को बचाने दौड़े जाकर नौकर और मोम के पुतले रूपी बच्चे को ताला में कूदकर बचाया पर जब बच्चे की बजाय मॉम का पुतला देखा तो उन्हें गुस्सा आ गया बीरबल झूठ बोल पड़े जहांपना यह मेरी युक्ति थी नौकर पर आप खफा नहीं हो अब आप स्वयं बताएं जहां पर आप बैठे थे वहां आप की जूतियां भी थी लेकिनआप बगैर ज्योति पहने बच्चे को बचाने दौड़ पड़े महल में नौकर चाकर भी थे पर उन्हें बुलाने के बजाय आप खुद पानी में कूद पड़े मैं जानना चाहता हूं आपने ऐसा क्यों किया बच्चे के मोह में बादशाह का जवाब था बस भगवान भी अपने भक्तों से इतना ही प्रेम करते हैं जितना आप अपने पोते से करते हैं वह भी अपने भक्तों की पुकार पर उन्हें मुसीबत में फंसा देखकर बगैर जूतियां के बगैर बगैर नौकर चाकर के उन्हें बचाने दौड़ पड़ते हैं बीरबल की युक्ति पर बादशाह को न सिर्फ अपने सवाल का जवाब मिल गया बल्कि वह खुश भी बहुत थे .

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